एक्यूपंचर (Acupuncture) एक ट्रीटमेंट है जिसमें सूईयों का उपयोग किया जाता है। इसका प्रचलन प्राचीन काल में ही हुआ था और हमारे वेदों में भी सूईयों के माध्यम से इलाज की जानकारी मिलती है। यह तकरीबन 2000 साल से चल रहा है और इसे कामयाब उपचार माना जाता है। बाद में वैज्ञानिकों ने इसके बारे में अध्ययन किया और पाया कि इस उपचार का बहुत फायदेमंद असर होता है। जब यूरोप और अमेरिका में इसकी जानकारी नहीं थी, तब जब उन्हें इसके बारे में पता चला, तब वे लोगों को इसके लाभों के बारे में जागरूक किया। चीन में ही यह उपचार पहली बार इस्तेमाल किया गया था और वास्तव में यह उन्हीं द्वारा खोजा गया था। चीन में कई अस्पताल हैं जहाँ यह उपचार दिया जाता है।
एक्यूपंचर (Acupuncture) क्या है ?
सूई द्वारा निष्पादित एक प्रभावी उपचार है, जिसमें चिकित्सक मरीज की बीमारी का पता लगाकर उस विशेष स्थान पर सूईयां लगाते हैं। ये सूईयां शरीर की ऊर्जा प्रवाह को नियंत्रित करने में मदद करती हैं। अक्यूपंक्चर के स्थान पर इलेक्ट्रिक तार के द्वारा प्रेरित किया जाता है। यह इलेक्ट्रॉनिक ऊर्जा पूरे शरीर में दौड़ाता है। इसके माध्यम से शरीर की ऊर्जा को कम या अधिक भी किया जा सकता है। यह सभी प्रकार की बीमारियों में लाभदायक है।
एक्यूपंचर (Acupuncture) का फायदा
एक्यूपंचर (Acupuncture) एक अत्यंत लाभदायक चिकित्सा प्रक्रिया है। इसका कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं होता। इस उपचार में कोई दवा का उपयोग नहीं होता। यह एक विषयविहीन उपचार है, जिसमें कोई औषधि का उपयोग नहीं किया जाता है। इससे हम बड़ी से बड़ी समस्याओं का इलाज कर सकते हैं। हमारे शरीर का निर्माण पांच प्रकार के मूल तत्वों से होता है; वायु, पानी, अग्नि, मिट्टी और आकाश।
इनके किसी भी कमी के कारण हमारे शरीर प्रभावित होते हैं। एक्यूपंचर इन्हें नियंत्रित करने की कोशिश करता है। यह हमें ऊर्जा को कम और अधिक करने में सहायता प्रदान करता है। यह शरीर में तेजी से कार्य करता है और शरीर पर सकारात्मक प्रभाव डालता है।
एक्यूपंचर (Acupuncture) से कैसे बीमारियों का इलाज करते हैं?
एक्यूपंचर उन सभी रोगों के लिए उपयोगी होता है जिनमें ऑपरेशन या सर्जरी की आवश्यकता नहीं होती है, इसके अलावा किसी भी बीमारी में एक्यूपंचर का इस्तेमाल किया जा सकता है। यह एक दवाओं के बिना होने वाला उपचार है, जिसमें एक सूई का उपयोग केवल एक बार किया जाता है। अगले उपचार के लिए एक नयी सूई का उपयोग किया जाता है।
सुईयों से इलाज के बारे में सुनकर आपको चिंता हो सकती है, लेकिन हम आपको बताना चाहेंगे कि ये सुईयां बालों से भी बहुत कमजोर होती हैं। इन सुईयों की गोलाई केवल आधा सेंटीमीटर तक होती है, जो मतलब है कि ये मनुष्य के शरीर में नजर भी नहीं आतीं। इन सुईयों को शरीर पर लगाने से मरीज को कोई अहसास नहीं होता है और उन्हें कोई दर्द भी नहीं होता है। यह एक प्राकृतिक उपचार प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से हम अपने मरीजों का अच्छा इलाज कर सकते हैं।
क्या एक्यूपंचर ट्रीटमेंट मंहगा है?
एक्यूपंचर द्वारा निष्पादित उपचार बहुत ही सस्ता होता है और इसकी कीमत महंगी नहीं होती है। आपसे प्रत्येक व्यक्ति इसे आसानी से करा सकता है। इस उपचार का खर्च काफी कम होता है और कहीं-कहीं पर यह मुफ्त भी हो सकता है।
एक्यूप्रेशर और को एक्यूपंचर में क्या फर्क है?
वास्तविकता में, एक्यूपंचर और अकूप्रेशर द्वारा किए जाने वाले ट्रीटमेंट में अंतर होता है। एक्यूपंचर का उपयोग केवल डॉक्टर द्वारा किया जा सकता है या ऐसे व्यक्तियों द्वारा जो इस कार्य में माहिर होते हैं, जबकि एक्यूप्रेशर कोई भी सामान्य व्यक्ति कर सकता है।
जो भी व्यक्ति इस तकलीफ से पीड़ित है, उसे इस तकनीक के माध्यम से अपने आप का इलाज करने की सामर्थ्य होती है। यह विशेष उपचार हाथों से किया जा सकता है और इसके लिए किसी डॉक्टर की सलाह की आवश्यकता नहीं होती है। इस तकनीक में सूईयों का उपयोग नहीं किया जाता है।
एक्यूपंचर और एक्यूप्रेशर दोनों के कोई भी साइड इफेक्ट नहीं हैं क्योंकि यह दवाइयों के द्वारा किए जाने वाला इलाज नहीं है। एक्यूप्रेशर में हमको यह जानना जरूरी है कि क्या चीज दबाने से हमको किस दर्द और किस बीमारी में फायदा मिलेगा। दरअसल एक्यूप्रेशर दबाने को कहा जाता है। अपने जिस्म के कुछ खास जगहों को दबाकर हम शांति व आराम प्राप्त कर सकते हैं और दर्द से छुटकारा मिल सकता है।
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